बिनोद बाबू के सपनों का झारखंड बनाने को निर्णायक कदम जरूरी: Sudesh Mahto

आजसू पार्टी ने स्व. बिनोद बिहारी महतो और स्व. राज किशोर महतो की जयंती पर दी श्रद्धांजलि, शिक्षा व रोजगार पर दिया जोर।

Ranchi: Sudesh Mahto: झारखंड आंदोलन के अग्रणी नेता एवं समाज सुधारक स्व. बिनोद बिहारी महतो तथा पूर्व सांसद स्व. राज किशोर महतो की जयंती पर सिल्ली और रांची स्थित आजसू मुख्यालय में श्रद्धांजलि सभाएं आयोजित की गईं।

इस अवसर पर पार्टी प्रमुख सुदेश कुमार महतो सहित वरिष्ठ नेताओं और कार्यकर्ताओं ने दोनों विभूतियों के चित्रों व प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें नमन किया।

‘पढ़ो और लड़ो’ का विचार आज भी प्रासंगिक: Sudesh Mahto

सुदेश महतो ने स्व. बिनोद बिहारी महतो के योगदान को याद करते हुए कहा कि उन्होंने शिक्षा को बदलाव का सबसे बड़ा माध्यम माना और ‘पढ़ो और लड़ो’ का ऐतिहासिक संदेश दिया। उन्होंने रेखांकित किया कि बिनोद बाबू के सपनों के राज्य में स्वाभिमान, सामाजिक न्याय, गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और रोजगार सबसे प्रमुख बिंदु थे, जिन्हें पूरा करने के लिए आज ठोस और ईमानदार प्रयासों की दरकार है।

युवाओं के रोजगार और परीक्षाओं की शुचिता पर चिंता: Sudesh Mahto

आजसू अध्यक्ष ने वर्तमान परिदृश्य पर चिंता जताते हुए कहा कि जिस राज्य में शिक्षा को अधिकार और बदलाव का हथियार बनाया गया, वहां आज युवाओं को निष्पक्ष भर्ती परीक्षाओं के लिए संघर्ष करना पड़ रहा है। पेपर लीक और परीक्षा प्रक्रियाओं में कथित अनियमितताओं का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि इन मामलों की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए और दोषियों पर सख्त कार्रवाई कर भर्ती व्यवस्था में पूरी पारदर्शिता लाई जानी चाहिए।

पार्टी मुख्यालय व सिल्ली में जुटे वरिष्ठ नेता

कार्यक्रम के दौरान सिल्ली और रांची मुख्यालय में पार्टी के कई प्रमुख पदाधिकारी, छात्र प्रतिनिधि और कार्यकर्ता उपस्थित रहे। नेताओं ने एक स्वर में भ्रष्टाचार पर प्रभावी अंकुश लगाने और शिक्षित युवाओं के लिए पारदर्शी अवसरों के निर्माण का संकल्प दोहराया।

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