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एल. ख्यांग्ते की बेल पर 7 अक्टूबर को हाईकोर्ट में सुनवाई, CID कोर्ट पहले कर चुका है खारिज

JPSC केस: पूर्व अध्यक्ष एल. ख्यांग्ते की जमानत याचिका पर बुधवार को हाईकोर्ट में सुनवाई

JPSC घोटाला: एल. ख्यांग्ते की बेल पर 7 अक्टूबर को हाईकोर्ट में सुनवाई, CID कोर्ट पहले कर चुका है खारिज

Ranchi: झारखंड लोक सेवा आयोग (JPSC) की भर्ती परीक्षा में कथित अनियमितताओं से जुड़े मामले में पूर्व JPSC अध्यक्ष और राज्य के पूर्व मुख्य सचिव एल. ख्यांग्ते की जमानत याचिका पर बुधवार, 7 अक्टूबर को झारखंड हाईकोर्ट में सुनवाई होगी। उनकी बेल याचिका हाईकोर्ट में सुनवाई के लिए सूचीबद्ध हो गई है। मामले की सुनवाई जस्टिस अनिल कुमार चौधरी की अदालत में होगी।

हाईकोर्ट से जमानत की मांग

एल. ख्यांग्ते ने न्यायिक हिरासत से राहत पाने के लिए झारखंड हाईकोर्ट का रुख किया है। रिपोर्ट के अनुसार, वह करीब दो महीने से न्यायिक हिरासत में हैं।

CID ने तीन दिनों की पूछताछ के बाद 10 अगस्त 2026 को उन्हें गिरफ्तार किया था। इसके बाद से वह न्यायिक हिरासत में हैं।

अब उनकी जमानत याचिका पर हाईकोर्ट में सुनवाई होनी है।

CID कोर्ट से पहले खारिज हो चुकी है बेल

हाईकोर्ट का रुख करने से पहले एल. ख्यांग्ते ने रांची सिविल कोर्ट स्थित CID कोर्ट में भी जमानत याचिका दाखिल की थी।

रिपोर्ट के अनुसार, मामले की गंभीरता और CID की ओर से पेश किए गए दस्तावेजों एवं साक्ष्यों को देखते हुए निचली अदालत ने उनकी जमानत याचिका खारिज कर दी थी।

अब हाईकोर्ट में होने वाली सुनवाई पर सबकी नजर है।

CID कांड संख्या 16/2026 से जुड़ा मामला

एल. ख्यांग्ते की गिरफ्तारी जिस मामले में हुई है, वह CID कांड संख्या 16/2026 है। यह मामला JPSC भर्ती परीक्षा में कथित अनियमितताओं और धांधली की जांच से जुड़ा है।

CID की जांच में कई लोगों की भूमिका की पड़ताल की जा रही है। हालांकि, किसी आरोपी के खिलाफ लगे आरोपों का अंतिम निर्धारण न्यायालय की प्रक्रिया के बाद ही होगा।

7 अक्टूबर को होगी अहम सुनवाई

एल. ख्यांग्ते की बेल याचिका पर 7 अक्टूबर 2026 को हाईकोर्ट में सुनवाई निर्धारित है। सुनवाई के दौरान उनकी ओर से जमानत के पक्ष में दलीलें रखी जाएंगी, जबकि जांच एजेंसी की ओर से जमानत का विरोध किए जाने की संभावना है।

अब देखना होगा कि हाईकोर्ट इस मामले में उन्हें जमानत देता है या निचली अदालत के फैसले को बरकरार रखते हुए राहत देने से इनकार करता है।

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