गुमला (झारखंड): Anjan Dham: झारखंड के गुमला जिले में स्थित आंजन धाम को भगवान हनुमान जी की जन्मस्थली के रूप में अत्यंत श्रद्धा के साथ पूजा जाता है। हर साल नवरात्रि और रामनवमी के अवसर पर यहां आस्था का अद्भुत संगम देखने को मिलता है, जहां हजारों भक्त पूजा-अर्चना के लिए पहुंचते हैं।
Anjan Dham: प्रकृति और आस्था का संगम
हरे-भरे जंगलों, ऊंचे पहाड़ों और शांत वातावरण के बीच स्थित आंजन धाम धार्मिक और प्राकृतिक सुंदरता का अनूठा केंद्र है। मान्यता है कि यहीं स्थित गुफा में माता अंजनी माता ने हनुमान जी को जन्म दिया था। यही कारण है कि यह स्थान भक्तों के लिए अत्यंत पवित्र माना जाता है।
Anjan Dham: रामनवमी पर दिखता है भक्ति का भव्य रूप
पूरे गुमला जिले में रामनवमी के दौरान उत्साह चरम पर होता है—
- सड़कों और मंदिरों को भगवा झंडों से सजाया जाता है
- जगह-जगह महावीरी झंडे लगाए जाते हैं
- गुमला शहर के पटेल चौक में भगवान श्रीराम का लगभग 30 फीट ऊंचा आकर्षक कटआउट स्थापित किया गया है
- श्रद्धालु दर्शन के लिए रुकते हैं और पूजा-अर्चना करते हैं
शहर से लेकर गांव तक हर जगह रामभक्ति का माहौल देखने को मिलता है।
नवरात्रि में विशेष पूजा और 9 दिन का उपवास
नवरात्रि के दौरान आंजन धाम में भक्त 9 दिनों तक उपवास रखकर पूजा करते हैं—
- हनुमान जी, अंजनी माता और दुर्गा माता की विशेष आराधना
- अखंड दीप जलाकर माता का आशीर्वाद प्राप्त करना
- दुर्गा पाठ और रोजाना आरती का आयोजन
- देशभर से श्रद्धालुओं का आगमन
आंजन धाम को भव्य रूप से सजाया जाता है और पूरे क्षेत्र में धार्मिक वातावरण बना रहता है।
Anjan Dham: अखंड हरिकीर्तन और जगराता का आयोजन
नवरात्रि के तीसरे दिन (मंगलवार) रांची से आई मंडली द्वारा—
- अखंड हरिकीर्तन और जगराता
- सुबह 10 बजे से कार्यक्रम की शुरुआत
- भक्ति संगीत और भजन-कीर्तन से गूंजता वातावरण
यह कार्यक्रम भक्तों के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र होता है।
पुजारी का संदेश
आंजन धाम के पुजारी केदारनाथ पांडे के अनुसार, यह स्थल न केवल धार्मिक आस्था का केंद्र है, बल्कि यहां आने वाले भक्तों को आध्यात्मिक शांति और सकारात्मक ऊर्जा का अनुभव भी होता है।
क्यों खास है आंजन धाम?
- हनुमान जी की जन्मस्थली होने की मान्यता
- प्राकृतिक सुंदरता से घिरा धार्मिक स्थल
- नवरात्रि और रामनवमी पर भव्य आयोजन
- देशभर से श्रद्धालुओं का आगमन



