पटना: बिहार विधानसभा में फ्लोर टेस्ट जीतने के बाद मुख्यमंत्री Samrat Choudhary ने सदन में बड़ा बयान देते हुए कहा कि “Nitish Kumar के समर्थन के बिना Lalu Prasad Yadav मुख्यमंत्री नहीं बन सकते थे।” इस बयान के बाद सदन में सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच तीखी बहस देखने को मिली।
“सत्ता किसी की बपौती नहीं”: Samrat Choudhary
मुख्यमंत्री ने नेता प्रतिपक्ष Tejashwi Yadav के आरोपों का जवाब देते हुए कहा:
- “सत्ता किसी की बपौती नहीं होती”
- “मैं जनता के आशीर्वाद से यहां बैठा हूं”
- “लालू जी ने मेरे परिवार के 22 लोगों को जेल भेजा था”
- “नीतीश कुमार ने ही लालू यादव को मुख्यमंत्री बनाया था”
उन्होंने यह भी कहा कि लोकतंत्र में कोई किसी की “पाठशाला” से नहीं आता।
तेजस्वी यादव का पलटवार: Samrat Choudhary
तेजस्वी यादव ने सरकार को घेरते हुए कई सवाल उठाए:
- बिहार आज भी देश के सबसे गरीब राज्यों में शामिल
- “खजाना खाली है, विकास कैसे होगा?”
- नीति आयोग की रिपोर्ट का हवाला देकर आर्थिक स्थिति पर चिंता
साथ ही उन्होंने महिला आरक्षण में OBC को शामिल करने, बिहार को विशेष राज्य का दर्जा दिलाने के लिए केंद्र से पहल की बात कहीI
सदन में दिखा राजनीतिक टकराव: Samrat Choudhary
- पुराने राजनीतिक रिश्तों और इतिहास का जिक्र
- व्यक्तिगत और वैचारिक हमले
- NDA vs विपक्ष के बीच सीधी भिड़ंत
क्या हैं बड़े राजनीतिक संकेत?
- बिहार में सत्ता पक्ष मजबूत, लेकिन विपक्ष आक्रामक
- आर्थिक मुद्दों को विपक्ष बड़ा चुनावी एजेंडा बना सकता है
- नेतृत्व और गठबंधन की राजनीति फिर चर्चा में



