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सरकार आपके द्वार: 10 लाख परिवारों तक पहुंचा लाभ

5226 शिविरों में रिकॉर्ड समाधान, झारखंड में सुशासन का नया मॉडल

‘आपकी योजना-आपकी सरकार-आपके द्वार’ अभियान ने रचा रिकॉर्ड, 10 लाख से ज्यादा परिवारों तक पहुंचा लाभ

रांची: झारखंड सरकार की महत्वाकांक्षी पहल ‘आपकी योजना-आपकी सरकार-आपके द्वार’ अब राज्य में सुशासन का मजबूत मॉडल बनती नजर आ रही है। इस अभियान के जरिए सरकार सीधे गांव-गांव पहुंचकर लोगों की समस्याओं का समाधान कर रही है और लाखों परिवारों तक योजनाओं का लाभ पहुंचा चुकी है।


5,226 शिविर, 10 लाख से ज्यादा समस्याओं का समाधान

सरकारी आंकड़ों के अनुसार:

  • कुल शिविर: 5,226
  • कुल आवेदन: 12,94,915
  • निष्पादित आवेदन: 10,36,708
  • लंबित: 2,58,207

👉 यानी 10 लाख से अधिक परिवारों को सीधा लाभ मिला है


किन योजनाओं में सबसे ज्यादा लाभ?

सबसे ज्यादा आवेदन लोक कल्याणकारी योजनाओं में आए:

  • आवेदन: 7,47,136
  • निपटान: 5,59,184

इसके अलावा प्रमुख सेवाएं:

  • राशन कार्ड
  • पेंशन योजनाएं (वृद्धा, विधवा, दिव्यांग)
  • जाति, आय, स्थानीय निवासी प्रमाण पत्र
  • जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र
  • जमीन से जुड़े कार्य (मापी, दाखिल-खारिज)

कुछ प्रमुख आंकड़े एक नजर में

  • नया राशन कार्ड: 56,735 जारी
  • वृद्धा पेंशन: 1,01,292 स्वीकृत
  • जाति प्रमाण पत्र: 87,547 जारी
  • आय प्रमाण पत्र: 67,659 जारी
  • स्थानीय निवासी प्रमाण पत्र: 73,348 जारी

👉 यह दिखाता है कि बुनियादी सेवाओं की सबसे ज्यादा मांग रही


क्यों खास है यह अभियान?

  • सरकार सीधे गांव और पंचायत तक पहुंची
  • लोगों को दफ्तरों के चक्कर से राहत
  • मौके पर ही आवेदन और समाधान
  • पारदर्शिता और जवाबदेही में सुधार

शासन का नया मॉडल

यह अभियान एक तरह से “सरकार आपके द्वार” की अवधारणा को जमीन पर उतारता है, जहां:

  • प्रशासन लोगों तक पहुंचता है
  • योजनाओं का लाभ तुरंत मिलता है
  • भरोसा और सहभागिता बढ़ती है

निष्कर्ष

‘आपकी योजना-आपकी सरकार-आपके द्वार’ सिर्फ एक सरकारी कार्यक्रम नहीं, बल्कि ग्रामीण और दूरदराज इलाकों में बदलाव का बड़ा माध्यम बनता जा रहा है।

👉 अगर लंबित मामलों का भी तेजी से निपटारा होता है, तो यह मॉडल अन्य राज्यों के लिए भी उदाहरण बन सकता है।

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