
नई दिल्ली में आयोजित नेशनल स्टेकहोल्डर्स कंसल्टेशन के दौरान झारखंड सरकार ने देश-विदेश के प्रमुख उद्योगपतियों और निवेशकों के साथ कई महत्वपूर्ण बैठकें कीं। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के नेतृत्व में हुई इन चर्चाओं में राज्य को निवेश, नवाचार और औद्योगिक विकास के नए केंद्र के रूप में स्थापित करने की रणनीति पर जोर दिया गया।
सरकार का कहना है कि झारखंड अब केवल प्राकृतिक संसाधनों का राज्य नहीं, बल्कि नवाचार (Innovation), निवेश (Investment) और तकनीक आधारित विकास का नया केंद्र बनने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है।
सिंगापुर के साथ रणनीतिक साझेदारी की पहल
सिंगापुर के उच्चायुक्त के नेतृत्व में आए प्रतिनिधिमंडल के साथ कौशल विकास, स्वास्थ्य सेवाओं और विश्वस्तरीय प्रशिक्षण मॉडल पर विस्तृत चर्चा हुई। बैठक में दीर्घकालिक सहयोग की संभावनाओं पर विचार किया गया।
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने प्रतिनिधिमंडल को झारखंड की औद्योगिक नीतियों, बेहतर लॉजिस्टिक्स, कुशल मानव संसाधन और निवेश-अनुकूल माहौल की जानकारी देते हुए कहा कि राज्य का लक्ष्य “Mines to Minds” यानी संसाधन आधारित अर्थव्यवस्था से ज्ञान और नवाचार आधारित अर्थव्यवस्था की ओर बढ़ना है।
हरित ऊर्जा में निवेश की संभावना
भारतीय उद्योग परिसंघ (CII) ने झारखंड में सौर ऊर्जा, पवन ऊर्जा और ग्रिड आधुनिकीकरण के क्षेत्र में निवेश की संभावनाओं पर चर्चा की। सरकार का उद्देश्य राज्य को हरित ऊर्जा (Green Energy) के प्रमुख केंद्र के रूप में विकसित करना है।
पर्यटन को मिलेगा वैश्विक मंच
पर्यटन क्षेत्र में भी कई कंपनियों ने रुचि दिखाई।
- EaseMyTrip और MakeMyTrip ने झारखंड के प्राकृतिक और धार्मिक पर्यटन स्थलों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बढ़ावा देने में सहयोग की इच्छा जताई।
- FICCI Tourism Federation ने रांची में अंतरराष्ट्रीय स्तर का गोल्फ कोर्स विकसित करने का प्रस्ताव रखा, जिससे खेल पर्यटन और पर्यटन उद्योग को नई दिशा मिल सकती है।
ई-साइकिल निर्माण से बढ़ेंगे रोजगार
विनिर्माण क्षेत्र में Hero Cycles और Avon Cycles जैसी कंपनियों ने झारखंड में ₹500 करोड़ से ₹1,000 करोड़ तक के संभावित निवेश के साथ ई-साइकिल निर्माण इकाइयां स्थापित करने में रुचि दिखाई।
सरकार का मानना है कि ऐसे निवेश से राज्य में बड़े पैमाने पर प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार के अवसर पैदा होंगे तथा स्थानीय युवाओं को उद्योगों में बेहतर अवसर मिलेंगे।
निवेश आधारित विकास पर सरकार का फोकस
सरकार का कहना है कि निवेश, हरित ऊर्जा, पर्यटन, कौशल विकास और आधुनिक विनिर्माण के माध्यम से झारखंड को देश के अग्रणी औद्योगिक राज्यों में शामिल करने की दिशा में लगातार प्रयास किए जा रहे हैं।



