
मंत्री दीपिका पांडेय सिंह ने महागामा में करोड़ों की विकास योजनाओं का किया उद्घाटन और शिलान्यास
Mahagama: झारखंड सरकार की ग्रामीण विकास, ग्रामीण कार्य एवं पंचायती राज मंत्री दीपिका पांडेय सिंह ने महागामा विधानसभा क्षेत्र में करोड़ों रुपये की विभिन्न विकास योजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया। इन योजनाओं का उद्देश्य क्षेत्र में प्रशासनिक आधारभूत संरचना, जनसुविधाओं और शैक्षणिक संस्थानों को मजबूत बनाना है।
मंत्री ने महागामा प्रखंड परिसर में 6.11 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित अधिकारी एवं कर्मचारी आवासों का उद्घाटन किया। इसके अलावा परिसर में 25.76 लाख रुपये की लागत से बनने वाले पार्किंग स्थल और 17.90 लाख रुपये के पेवर ब्लॉक निर्माण कार्य का शिलान्यास भी किया।
ग्रामीण विकास और शिक्षा को मिली नई गति
विकास योजनाओं के तहत मेहरमा प्रखंड के अमडीहा गांव में 57.58 लाख रुपये की लागत से नाला निर्माण कार्य का शिलान्यास किया गया।
इसके साथ ही शिक्षा क्षेत्र को मजबूत करने के लिए सिनपुर स्थित मदरसा जामिया इस्लामिया और परसा स्थित मिल्लत कॉलेज छात्रावास के जीर्णोद्धार के लिए करीब 92 लाख रुपये की योजनाओं की आधारशिला रखी गई।
महागामा में मेडिकल कॉलेज स्थापना की दिशा में होगा काम
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मंत्री दीपिका पांडेय सिंह ने कहा कि महागामा में प्रस्तावित 300 बेड अस्पताल के निर्माण के बाद यहां मेडिकल कॉलेज की स्थापना की दिशा में भी प्रयास किए जाएंगे।
उन्होंने कहा कि बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराना राज्य सरकार की प्राथमिकता है और महागामा को स्वास्थ्य एवं शिक्षा के क्षेत्र में एक मजबूत केंद्र के रूप में विकसित किया जाएगा।
महिलाओं के सशक्तिकरण की सराहना
मंत्री ने झारखंड स्टेट लाइवलीहुड प्रमोशन सोसाइटी (JSLPS) से जुड़ी स्वयं सहायता समूह की महिलाओं की सराहना करते हुए कहा कि राज्य की महिलाएं अब अपने उत्पादों को राष्ट्रीय ही नहीं बल्कि अंतरराष्ट्रीय बाजार तक पहुंचाने में सफल हो रही हैं।
उन्होंने कहा कि महिलाओं की आर्थिक आत्मनिर्भरता झारखंड के विकास की नई पहचान बन रही है।
बाल विवाह रोकने और सकारात्मक सोच फैलाने की अपील
दीपिका पांडेय सिंह ने समाज में जागरूकता बढ़ाने पर जोर देते हुए बाल विवाह जैसी सामाजिक कुरीतियों के खिलाफ अभियान चलाने की आवश्यकता बताई।
उन्होंने मीडिया से अपील की कि क्षेत्र की समस्याओं के साथ-साथ सकारात्मक उपलब्धियों और महिलाओं की प्रेरणादायक कहानियों को भी प्रमुखता से सामने लाया जाए, ताकि समाज में सकारात्मक ऊर्जा और बदलाव का संदेश पहुंचे।



