
रांची: झारखंड सरकार ने कानून-व्यवस्था को और मजबूत बनाने के उद्देश्य से भारतीय पुलिस सेवा (Jharkhand IPS Transfer) अधिकारियों के बड़े पैमाने पर तबादले किए हैं।
शुक्रवार देर रात जारी अधिसूचना के बाद शनिवार को पुलिस मुख्यालय ने मूवमेंट ऑर्डर भी जारी कर दिया। आदेश में स्पष्ट कहा गया है कि जिन अधिकारियों का तबादला हुआ है, वे जल्द से जल्द अपने नए पद पर योगदान दें।
इस फेरबदल में कुल 46 अधिकारियों के कार्यक्षेत्र में बदलाव किया गया है, जिनमें 44 का तबादला और 2 वरिष्ठ अधिकारियों को अतिरिक्त प्रभार दिया गया है। कई अहम जोन और जिलों में नए चेहरे तैनात किए गए हैं, जिससे प्रशासनिक सक्रियता बढ़ने की उम्मीद है।
Jharkhand IPS Transfer: दो वरिष्ठ IPS अधिकारियों को अतिरिक्त जिम्मेदारी
सरकार ने दो सीनियर अधिकारियों पर अतिरिक्त भरोसा जताया है:
- मनोज कौशिक (ADG, CID) को उनके वर्तमान पद के साथ ADG मुख्यालय, झारखंड का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है।
- पंकज कंबोज को उनके पद के अलावा IG मानवाधिकार का अतिरिक्त जिम्मा सौंपा गया है।
जोनल स्तर पर बड़े बदलाव
- नरेन्द्र कुमार सिंह को IG अभियान बनाया गया, साथ ही पलामू जोन का अतिरिक्त प्रभार भी दिया गया।
- शैलेंद्र सिन्हा को बोकारो जोनल IG नियुक्त किया गया।
- क्रांति गडीदेशी को IG निगरानी सह सुरक्षा (झारखंड विद्युत बोर्ड, रांची) बनाया गया।
- माइकल राज एस को रेल IG और सुनील भास्कर को JAP IG की जिम्मेदारी दी गई।
जिलों में नए SP की तैनाती
इस फेरबदल में 12 से अधिक जिलों के SP बदले गए हैं:
- निधि द्विवेदी – सरायकेला SP
- आशुतोष शेखर – गढ़वा SP
- अनुदीप सिंह – पाकुड़ SP
- प्रवीण पुष्कर – देवघर SP
- मुकेश कुमार लुनायत – रामगढ़ SP
- अमन कुमार – हजारीबाग SP
- कपिल चौधरी – पलामू SP
- नाथू सिंह मीणा – बोकारो SP
- अनिमेष नैथानी – चतरा SP
- शंभू सिंह – जामताड़ा SP
- ऋषभ गर्ग – खूंटी SP
इसके अलावा कई अधिकारियों को ACB, ATS, SIB, SCRB, वायरलेस और पुलिस मुख्यालय में नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं।
निचले स्तर पर भी बदलाव
सिर्फ SP और IG स्तर ही नहीं, बल्कि SDPO और ASP स्तर पर भी व्यापक फेरबदल हुआ है। इससे पुलिस प्रशासन के हर स्तर पर नई ऊर्जा और कार्यशैली देखने को मिलेगी।
क्यों अहम है यह फेरबदल?
इस बड़े प्रशासनिक कदम के पीछे सरकार का उद्देश्य साफ है—
- कानून-व्यवस्था को और मजबूत करना
- जिलों में बेहतर पुलिसिंग सुनिश्चित करना
- संवेदनशील इलाकों में अनुभवी अधिकारियों की तैनाती
क्या असर पड़ेगा?
इस बदलाव के बाद उम्मीद की जा रही है कि:
- अपराध नियंत्रण में तेजी आएगी
- पुलिस की जवाबदेही बढ़ेगी
- आम लोगों में सुरक्षा का भरोसा मजबूत होगा
कुल मिलाकर, झारखंड में IPS अधिकारियों का यह बड़ा फेरबदल प्रशासनिक सक्रियता बढ़ाने और पुलिस व्यवस्था को अधिक प्रभावी बनाने की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है।



