JharkhandHeadlinesStatesTrending

Indian National Congress: झारखंड कांग्रेस का बड़ा बदलाव, नया संगठन मॉडल लागू, हर नेता की तय हुई जिम्मेदारी

झारखंड कांग्रेस में आमूल-चूल बदलाव, अब हर पदाधिकारी देगा काम का हिसाब

झारखंड में Indian National Congress ने आगामी चुनावों को ध्यान में रखते हुए अपने संगठन में बड़ा बदलाव किया है। प्रदेश प्रभारी K. Raju की मौजूदगी में हुई अहम बैठक के बाद पार्टी अब नए संगठनात्मक मॉडल के साथ मैदान में उतरने की तैयारी कर रही है। इस बार सिर्फ पदों का बंटवारा नहीं हुआ, बल्कि “वन मैन, वन फिक्स्ड रिस्पांसिबिलिटी” के तहत हर पदाधिकारी की स्पष्ट जवाबदेही तय की गई है।

अब ‘जिम्मेदारी तय’, काम का होगा हिसाब: Indian National Congress

कांग्रेस ने संगठन को मजबूत और जवाबदेह बनाने के लिए कॉर्पोरेट स्टाइल का ढांचा अपनाया है। अब हर स्तर पर काम की स्पष्ट जिम्मेदारी तय की गई है:

  • उपाध्यक्ष: हर उपाध्यक्ष को एक-एक विधानसभा क्षेत्र की जिम्मेदारी
  • महासचिव: जिले के बजाय सीधे एक प्रखंड (ब्लॉक) की कमान
  • सचिव: मंडल स्तर पर तैनाती, ताकि नीतियां जमीनी स्तर तक पहुंचें
  • कोर टीम: जिला मुख्यालय पर 4 उपाध्यक्षों की टीम-संगठन, मोर्चा/विभाग, डेटा मॉनिटरिंग और बूथ मैनेजमेंट की जिम्मेदारी

नए नेतृत्व की ‘पाइपलाइन’ पर जोर: Indian National Congress

बैठक में के. राजू ने माना कि पिछले 25 वर्षों में एससी, एसटी, ओबीसी और अल्पसंख्यक वर्गों से नए नेतृत्व को आगे लाने में कमी रही। अब इसे सुधारने के लिए विशेष अभियान चलाया जाएगा।
पार्टी का फोकस अब सिर्फ वोट बैंक तक सीमित नहीं, बल्कि इन वर्गों से मजबूत और प्रभावी नेतृत्व तैयार करना है।

राज्यसभा और गठबंधन पर नजर: Indian National Congress

संगठन के साथ-साथ कांग्रेस की नजर अब विधायी राजनीति पर भी है। पार्टी राज्यसभा चुनाव में अपना उम्मीदवार उतारने की तैयारी में है। इसके लिए सहयोगी दलों Jharkhand Mukti Morcha (JMM) और Rashtriya Janata Dal (RJD) के साथ जल्द ही निर्णायक बातचीत होगी।

‘दफ्तर से बाहर निकलो’, कार्यकर्ताओं को संदेश

के. राजू ने कार्यकर्ताओं को साफ संदेश दिया है कि “ड्राइंग रूम पॉलिटिक्स” छोड़कर जनता के बीच जाएं। जमीन अधिग्रहण, विस्थापन और स्थानीय मुद्दों पर सक्रिय भूमिका निभाने को कहा गया है।

  • पूरे साल का संगठनात्मक कैलेंडर जारी
  • जिला अध्यक्षों की हर 2 महीने में समीक्षा
  • राज्य के 29,000 बूथों पर बूथ लेवल एजेंट की नियुक्ति प्राथमिकता

बदलाव में समय लगेगा, लेकिन दिशा साफ

पार्टी नेतृत्व ने माना कि इन बदलावों का असर तुरंत नहीं दिखेगा, लेकिन यह संगठन को नई दिशा देगा। कांग्रेस अब एक ऐसी संरचना तैयार करना चाहती है, जहां हर कार्यकर्ता अपनी भूमिका और जिम्मेदारी स्पष्ट रूप से समझे। झारखंड कांग्रेस का यह नया मॉडल पार्टी को जमीनी स्तर पर मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है। अगर यह प्रयोग सफल रहा, तो राज्य की राजनीति में कांग्रेस का एक नया और आक्रामक रूप देखने को मिल सकता है।

ये भी पढ़े: Bihar Film Portal Launch: अब लोकल कलाकार और बिजनेस सीधे जुड़ेंगे प्रोडक्शन हाउस से

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button