आखिर क्यों अपने बनाए कानून पर ही सरकार की ईमानदारी डोल गई: Sudesh Mahto

पेपर लीक मामले की जांच के लिए विधानसभा में प्रस्ताव लाने की मांग की

रांची: विधानसभा के चतुर्दश (विशेष) सत्र में पांच फरवरी को पूर्व उपमुख्यमंत्री सह आजसू पार्टी अध्यक्ष Sudesh Mahto ने सदन में जेएसएससी सीजीएल परीक्षा पेपर लीक मामले की जांच और कार्रवाई को लेकर विधानसभा में प्रस्ताव लाने की मांग की।

इस दौरान उन्होंने पेपर लीक से जुड़े कानून की ओर सरकार का ध्यान आकृष्ट काराया।

दरअसल अपने बनाए कानून पर ही सरकार की ईमानदारी पूरी तरह से डोल गई है: Sudesh Mahto

उन्होंने इस कानून के बारे में बताते हुए कहा कि इस कानून में पेपर लीक होने और नकल से जुड़े मामलों पर बगैर प्रारंभिक जांच के एफआईआर और गिरफ्तार करने का प्रावधान किया गया है, लेकिन आज इतने दिन बीत जाने के बाद भी पेपर लीक मामले पर सरकार ने कोई भी एक्शन नहीं लिया है। दरअसल अपने बनाए कानून पर ही सरकार की ईमानदारी पूरी तरह से डोल गई है। उन्होंने कहा कि राज्य में बेरोजगारी सबसे बड़ा मुद्दा है फिर भी सरकार कोई कार्रवाई नहीं कर रही है। सिर्फ हाथ पर हाथ धरे बैठी है।

उन्होंने कहा कि आज सभी सदस्य एकमत होकर पेपर लीक मामले की जांच का प्रस्ताव लाएं। युवाओं के हक,अधिकार,सम्मान और स्वभिमान की रक्षा हेतु प्रस्ताव पारित कर मुख्यमंत्री इतिहास बनाएं।

सदन में सरकार का भ्रष्टाचार के आरोपों पर मौन रहना यह जाहिर करता है: Sudesh Mahto

सुदेश महतो ने कहा कि आज सदन में सरकार ने बहुमत साबित किया है। यह विश्वासमत सदस्यों के संख्या आधार पर हुआ, सवालों पर नहीं। जिस सवाल पर सरकार के अंदर यह परिस्थिति उत्पन्न हुई उसका जवाब उनके पास नहीं है। सदन में सरकार का भ्रष्टाचार के आरोपों पर मौन रहना यह जाहिर करता है। हम सभी संविधान के दायरे में काम करते हैं। संविधान के तहत गठित एजेंसियों का आदर होना चाहिए और उन्हें निष्पक्ष जांच करने का अधिकार है।

 

 

 

 

 

 

 

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