दावोस/रांची: स्विट्जरलैंड के दावोस में आयोजित वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम (WEF 2026) से झारखंड के लिए एक और बड़ी निवेश की खबर आई है। मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन और वेलस्पन वर्ल्ड (Welspun World) के चेयरमैन बी.के. गोयनका के बीच हुई उच्च स्तरीय बैठक में कंपनी ने झारखंड में ₹300 करोड़ के निवेश का प्रस्ताव रखा है।
देवघर प्लास्टिक पार्क बनेगा केंद्र
वेलस्पन वर्ल्ड मुख्य रूप से पीवीसी आधारित प्लास्टिक उद्योग में निवेश करने की योजना बना रहा है। मुख्यमंत्री ने कंपनी को देवघर में प्रस्तावित ‘प्लास्टिक पार्क’ की विशिष्टताओं से रूबरू कराया।
स्थल निरीक्षण: इस प्रस्ताव को अमलीजामा पहनाने के लिए वेलस्पन की एक विशेषज्ञ टीम जल्द ही देवघर और झारखंड के अन्य संभावित क्षेत्रों का दौरा करेगी।
क्रिटिकल मिनरल्स और लॉजिस्टिक्स में भी विस्तार
प्लास्टिक उद्योग के अलावा वेलस्पन ग्रुप ने झारखंड के अन्य उभरते क्षेत्रों में भी गहरी रुचि दिखाई है:
- लॉजिस्टिक्स सेक्टर: कंपनी ने धनबाद स्थित लॉजिस्टिक पार्क और राज्य की वेयरहाउसिंग व स्टोरेज सुविधाओं को लेकर उत्साह जताया।
- क्रिटिकल मिनरल्स: झारखंड की समृद्ध खनिज संपदा को देखते हुए ‘क्रिटिकल मिनरल्स’ के खनन और प्रसंस्करण (Processing) के क्षेत्र में भी निवेश की संभावनाओं पर चर्चा हुई।
राज्य के लिए बढ़ेंगे रोजगार के अवसर
मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन ने कहा कि वेलस्पन जैसे बड़े औद्योगिक समूह का राज्य में आना आर्थिक विकास और स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार सृजन की दिशा में एक मील का पत्थर साबित होगा। “झारखंड औद्योगिक निवेश के लिए अब एक ‘ग्लोबल डेस्टिनेशन’ बन रहा है। वेलस्पन का यह ₹300 करोड़ का प्रस्ताव हमारे युवाओं को रोजगार देने और देवघर को प्लास्टिक उद्योग का हब बनाने में सहायक होगा।”- हेमन्त सोरेन, मुख्यमंत्री



