
रांची:झारखंड सरकार का फैसला: पर्यटकों के लिए होटल टैक्स तय, कैबिनेट में 40 प्रस्ताव पास
झारखंड सरकार ने पर्यटन को व्यवस्थित करने और राजस्व बढ़ाने के उद्देश्य से झारखंड सिटी टूरिस्ट रूल का गठन कर दिया है। इसके तहत राज्य में होटल में ठहरने वाले देशी और विदेशी पर्यटकों के लिए अलग-अलग टैक्स दरें तय की गई हैं। यह निर्णय गुरुवार को हुई राज्य कैबिनेट की बैठक में लिया गया, जिसमें कुल 40 प्रस्तावों को मंजूरी दी गई।
सरकार के फैसले के अनुसार भारतीय मूल के पर्यटकों को होटल में ठहरने पर जीएसटी की श्रेणी के आधार पर अलग-अलग टैक्स देना होगा। बिना जीएसटी चार्ज वाले होटलों में ठहरने पर 2 प्रतिशत टैक्स, 18 प्रतिशत से कम जीएसटी वाले होटलों में 2.5 प्रतिशत टैक्स, और 18 प्रतिशत से अधिक जीएसटी लेने वाले होटलों में 5 प्रतिशत टैक्स देना होगा।
वहीं विदेशी पर्यटकों के लिए टैक्स की दरें अधिक निर्धारित की गई हैं। बिना जीएसटी वाले होटलों में ठहरने पर 4 प्रतिशत, 18 प्रतिशत से कम जीएसटी वाले होटलों में 5 प्रतिशत, और 18 प्रतिशत से अधिक जीएसटी वाले होटलों में ठहरने पर 19 प्रतिशत टैक्स देना होगा।
कैबिनेट बैठक में इसके अलावा प्रधानमंत्री शहरी आवास योजना के तहत राज्य के शहरी स्थानीय निकायों में कार्य शुरू करने की भी स्वीकृति दी गई।
शिशु देखभाल अवकाश पर भी फैसला
कैबिनेट ने शिशु देखभाल अवकाश (Child Care Leave) से जुड़े नियमों में भी बदलाव को मंजूरी दी है। इसके तहत दो साल की छुट्टी में पहले 365 दिनों के लिए 100 प्रतिशत वेतन दिया जाएगा, जबकि अगले 365 दिनों के लिए 80 प्रतिशत वेतन मिलेगा।
इसके साथ ही राजकीय विश्वविद्यालयों के अंतर्गत अंगीभूत महाविद्यालयों में शिक्षक और शिक्षकेत्तर कर्मियों की नियुक्ति के लिए आरक्षण रोस्टर नियमावली को भी मंजूरी प्रदान की गई है।



