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Bihar Assembly Elections: नितिन नवीन से मुलाकात के बाद पवन सिंह ने दिए बड़े संकेत

दिल्ली/पटना | Bihar Assembly Elections: भोजपुरी फिल्मों के दिग्गज अभिनेता और गायक पवन सिंह एक बार फिर अपनी राजनीतिक पारी को लेकर सुर्खियों में हैं।

गुरुवार को दिल्ली में भाजपा के नवनियुक्त राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन के साथ उनकी मुलाकात ने इन चर्चाओं को हवा दे दी है कि भाजपा उन्हें बिहार से राज्यसभा भेज सकती है।

Bihar Assembly Elections: जो मालिक चाहेंगे, वही होगा- Pawan Singh

नितिन नवीन से मुलाकात के बाद जब मीडिया ने पवन सिंह से उनकी राज्यसभा उम्मीदवारी पर सवाल किया, तो उन्होंने बेहद नपे-तुले अंदाज में जवाब दिया:

  • शिष्टाचार मुलाकात: पवन सिंह ने कहा, “मैंने सिर्फ भइया (नितिन नवीन) से आशीर्वाद लिया है। यह एक शिष्टाचार मुलाकात थी और मिलकर बहुत अच्छा लगा।”

  • पार्टी के सिपाही: राज्यसभा जाने के सवाल पर उन्होंने मुस्कराते हुए कहा, “मैं पार्टी का सिपाही हूं, जो मालिक (शीर्ष नेतृत्व) चाहेंगे, वही होगा।”

Bihar Assembly Elections: पवन सिंह और भाजपा के बदलते समीकरण

पवन सिंह का भाजपा के साथ रिश्ता पिछले दो वर्षों में काफी उतार-चढ़ाव भरा रहा है:

  1. लोकसभा चुनाव 2024: भाजपा ने उन्हें आसनसोल (पश्चिम बंगाल) से टिकट दिया था, जिसे उन्होंने लौटा दिया और काराकाट से निर्दलीय चुनाव लड़ा। हालांकि वे हार गए, लेकिन उन्होंने उपेंद्र कुशवाहा को तीसरे नंबर पर धकेल कर अपनी ताकत का अहसास कराया।

  2. विधानसभा चुनाव 2025: बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान पवन सिंह और भाजपा के बीच दूरियां खत्म हुईं। उन्होंने भाजपा के लिए जमकर प्रचार किया। उस वक्त भाजपा प्रभारी विनोद तावड़े ने स्पष्ट किया था कि “पवन सिंह भाजपा में थे और रहेंगे।”

Bihar Assembly Elections: राज्यसभा चुनाव 2026 का गणित

बिहार की 5 राज्यसभा सीटों पर नामांकन की प्रक्रिया आज (26 फरवरी) से शुरू हो गई है।

  • वोटों का खेल: एक सीट जीतने के लिए 41 विधायकों का समर्थन जरूरी है। एनडीए के पास 202 विधायक हैं।

  • 4 सीटें पक्की, 5वीं पर पेंच: 4 सीटें जीतने के लिए 164 वोटों की जरूरत है। इसके बाद एनडीए के पास 38 वोट बचेंगे, जो पांचवीं सीट के लिए जरूरी 41 वोटों से केवल 3 कम हैं।

माना जा रहा है कि यदि भाजपा पवन सिंह को उम्मीदवार बनाती है, तो उनकी लोकप्रियता और निर्दलीय विधायकों के साथ उनके संबंधों का लाभ पांचवीं सीट निकालने में मिल सकता है।

इन दिग्गजों की जगह खाली हो रही है

राज्यसभा से उपेंद्र कुशवाहा, हरिवंश नारायण सिंह, रामनाथ ठाकुर, प्रेमचंद गुप्ता और एडी सिंह का कार्यकाल समाप्त हो रहा है। नामांकन 5 मार्च तक चलेगा और 16 मार्च को मतदान होना है।

पवन सिंह की दिल्ली में सक्रियता और भाजपा अध्यक्ष से मुलाकात इस बात की ओर इशारा कर रही है कि पार्टी उन्हें ‘कला और संस्कृति’ कोटे या राजनीतिक समीकरणों को साधने के लिए संसद के उच्च सदन में भेज सकती है।

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